ट्रेन हादसे से पहले बनाया वीडियो, गंभीर आरोपों से बढ़ी हलचल
विदिशा: कर्ज और प्रताड़ना से परेशान किसान ने ट्रेन के सामने कूदकर दी जान, पूर्व विधायक पर लगाए सनसनीखेज आरोप
विदिशा: मध्य प्रदेश के विदिशा जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां बेहलोट गांव के एक किसान गोविंद गुर्जर ने सोमवार शाम ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। इस घटना ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है, क्योंकि मृतक ने मौत से पहले कई वीडियो जारी कर एक पूर्व विधायक पर गंभीर और चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं।
सुसाइड से पहले वायरल किए 5 वीडियो
गोविंद गुर्जर ने आत्मघाती कदम उठाने से पहले पांच अलग-अलग वीडियो बनाकर व्हाट्सएप ग्रुप्स और गांव के सरपंच के बेटे को भेजे। इन वीडियो में उसने अपनी आपबीती बताते हुए पूर्व विधायक शशांक भार्गव पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है। सबसे हैरान करने वाला दावा यह है कि उस पर कुछ बड़े राजनेताओं की हत्या करने का दबाव बनाया जा रहा था, जिससे वह अत्यधिक मानसिक तनाव में था।
बटाईदारी और पैसों का विवाद
वीडियो में मृतक ने बताया कि वह पिछले तीन वर्षों से शशांक भार्गव की जमीन पर बटाई पर खेती कर रहा था। किसान का आरोप है कि कड़ी मेहनत के बाद भी उसे उसकी फसल (धान और गेहूं) का हिस्सा नहीं दिया गया। जब उसने अपने हक के पैसे मांगे, तो उसे झांसा देकर कुछ स्टांप पेपर्स पर हस्ताक्षर करवा लिए गए और भुगतान के नाम पर केवल आश्वासन दिया गया।
गंभीर साजिश का आरोप
गोविंद ने वीडियो में आरोप लगाया कि पैसे मांगने पर उसे रिवॉल्वर देकर बड़े नेताओं पर हमला करने के लिए उकसाया गया। मना करने पर उसके साथ मारपीट की गई और उसे लगातार डराया-धमकाया जा रहा था। समाज और स्थानीय स्तर पर मदद न मिलने से आहत होकर उसने राजस्थान और उत्तर प्रदेश के बड़े नेताओं से भी न्याय की गुहार लगाई थी।
परिजनों का फूटा गुस्सा
मृतक के बेटे दीपक गुर्जर ने भी पिता के आरोपों का समर्थन करते हुए कहा कि उनके परिवार को मेहनत की कमाई नहीं दी गई और पिता को जानबूझकर प्रताड़ित किया गया। बेटे का कहना है कि इसी दबाव के चलते उसके पिता ने यह खौफनाक कदम उठाया।
पुलिस की जांच और पूर्व विधायक का पक्ष
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो की तकनीकी जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी। दूसरी ओर, पूर्व विधायक शशांक भार्गव ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे एक 'राजनीतिक साजिश' करार दिया है। उन्होंने कहा कि वे किसी भी तरह की जांच के लिए तैयार हैं।
विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल की तारीख तय, 9 जून से इस ऐतिहासिक मैदान पर होगा मुकाबला
यूथ टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया का जलवा, श्रीलंका पर 211 रन की ऐतिहासिक जीत
CJP प्रोटेस्ट पर सियासत तेज, ओवैसी बोले- क्या प्रदर्शन करना अब खतरा माना जाएगा?
संवाद बनाम आंदोलन, CJP प्रदर्शन पर सरकार ने चार बार दिया बातचीत का प्रस्ताव
NEET मुद्दे पर कांग्रेस का बड़ा आरोप, केंद्र पर पारदर्शिता नहीं बरतने का दावा