रायपुर में खारुन रिवर फ्रंट के दोनों किनारे को डेवलप करने के लिए फिर बनी योजना

रायपुर। रायपुर की जीवनदायिनी खारुन नदी में गुजरात के रिवर फ्रंट की तर्ज पर रायपुर-दुर्ग के बीच 18 किलोमीटर के किनारों को डेवलप करने की योजना है। निगम के अधिकारियों ने बताया कि निर्माण कार्य ऐसा किया जाएगा कि लोग किनारों पर आसानी से आना-जाना कर सकें। पिछले दिनों ही सीएम भूपेश बघेल ने घोषणा की थी कि खारुन रिवर फ्रंट का डेवलपमेंट अलग तरह से दोनों जिलों के बीच किया जाएगा। इसके बाद रायपुर नगर निगम ने खारुन के चार-चार किमी किनारों को डेवलप करने की योजना पर काम शुरू किया है।

निगम मुख्यालय के अधिकारियों ने बताया कि नगरीय प्रशासन विभाग और अन्य विभागों के सहयोग से खारुन रिवर फ्रंट डेवलमेंट प्रोजेक्ट पर काम करने की योजना है। गुजरात के साबरमती रिवर फ्रंट की तर्ज पर खारुन नदी का सुंदरीकरण किया जाएगा। इसके निर्माण से रायपुर शहर को एक और ऐसी जगह मिलेगी, जहां लोग छुट्टियों का आनंद उठा सकेंगे।

महापौर एजाज ढेबर का कहना है कि खारुन के चार-चार किलोमीटर के किनारों को रायपुर नगर निगम सुंदरीकरण करेगा। शेष योजना लागू करने रायपुर और दुर्ग कलेक्टर की बैठक होने वाली है। गौरतलब है कि पिछले पांच साल में खारुन रिवर फ्रंट को लेकर आधा दर्जन से अधिक योजना बनी, लेकिन ज्यादातर महादेव घाट के आसपास के इलाके का ही सुंदरीकरण किया जा सका।शेष नदी को डेवलप करने की योजना लागू नहीं हो पाया। कोरोना संकटकाल से पहले रिवर फ्रंट के सुंदरीकरण की नए सिरे से कवायद शुरू की गई थी, लेकिन बाद में यह भी फेल हो गया।

यह होगा काम

खारुन नदी को रिवर फ्रंट की तरह रायपुर और कुम्हारी (दुर्ग) तक विकसित करने के लिए नदी के दोनों ओर के करीब 18 किलोमीटर दायरे को डेवलप करने का काम किया जाएगा। वर्तमान में खारुन के दोनों ओर हरियाली की योजना पर काम किया जा रहा है। रायपुर के हिस्से में आने वाले करीब चार किमी के हिस्से को नगर निगम रायपुर और स्मार्ट सिटी डेवलप करने वाले हैं। रायपुर के हिस्से में रिवर फ्रंट में छोटे गार्डन, बैठने की जगह, झूले और तीज त्योहार पर लगने वाले मेलों के लिए जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।