दिग्विजय के गद्दार कहने पर भड़के सिंधिया, बोले- मैं उनके जितना गिर नहीं सकता

अशोकनगर: राज्यसभा सांसद दिग्विजय सिंह के गद्दार वाले आरोप पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने रविवार रात को अशोकनगर जिले के मुंगावली में मीडिया के सवालों के जवाब देते हुए कहा कि दिग्विजय सिंह कांग्रेस के बुजुर्ग नेता हैं। उनकी तो आदत ही ऐसी है, मैं उनके बारे में कुछ कहना नहीं चाहता और ना ही उनके स्तर तक जाना चाहता हूं। जिस स्तर तक कि वह गए हैं।

सिंधिया ने आगे कहा कि दिग्विजय कांग्रेस के इतने बुजुर्ग और परिपक्व नेता होने के बाद भी अगर ऐसा बोल रहे हैं, तो वह अपने अंदर की भड़ास निकाल रहे हैं। मेरी ऐसी आदत नहीं है कि इस स्तर तक जाऊं, सिंधिया परिवार का एक स्तर है और मैं उसको बनाए रखूंगा। ओसामा को ओसामा जी कहने वाले और धारा 370 वापस लगाए जाने की बात कहने वाले दिग्विजय सिंह यह जान लें कि कौन गद्दार है, इसका फैसला जनता करेगी। इतना ही नहीं सिंधिया ने कहा कि उकसावे के बावजूद वह सिंधिया परिवार का स्तर बनाए रखेंगे।
बता दें कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह ने पिछले साल कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए सिंधिया शनिवार को दिग्विजय सिंह के गृह क्षेत्र राघोगढ़ में अपनी पहली जनसभा संबोधित की। इसके बाद कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने सिंधिया को ‘‘ विश्वासघाती’’ और उनके परिवार को ‘‘देशद्रोही’’ करार दिया था। दिग्विजय सिंह ने कहा कि ऐसे लोगों का इतिहास लिखा जाता है तो उन्हें गद्दार लिखा जाता है।

उन्होंने आगे कहा कि गद्दार को इतिहास कभी माफ नहीं करेगा। जो गद्दारी करता है उसे आने वाली पीढ़ियां माफ नहीं करती। आज भी जब झांसी की रानी की बात निकलती है तो सिंधिया परिवार की बात आती है। पानीपत की लड़ाई में अगर इन्होंने हिन्दू राजाओं का साथ दिया होता, तो अहमद शाह अफगानी पानीपत की ये लड़ाई हार गया होता, और महाराज सिंधिया ने अगर कांग्रेस के साथ गद्दारी नहीं की होती तो आज भी कमलनाथ सरकार बनी रहती।