कैप्टन नहीं लेंगे नीति आयोग की बैठक में हिस्सा, पंजाब के हाथ से निकला सुनहरी मौका

चंडीगढ़: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अगवाई में 15 जून को दिल्ली में होने वाली बैठक में पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेन्द्र सिंह हिस्सा नहीं ला रहे हैं। सरकारी सूत्रों ने बताया कि उनकी सेहत ठीक नहीं है इसलिए वह इस बैठक में हिस्सा नहीं ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव कर्ण अवतार सिंह को बैठक में शामिल होने के लिए कहा है।

पता चला है कि पहले वित्त मनप्रीत बादल को इस बैठक में शामिल होने के लिए कहा गया था लेकिन केंद्र सरकार ने यह कह कर मना कर दिया कि इस बैठक में सिर्फ मुख्यमंत्री ही शिरकत कर सकते हैं इसलिए किसी और को अनुमति नहीं दे सकते। इस बैठक में मुख्यमंत्री के साथ एक अफसर ही जा सकता था, इसलिए मुख्य सचिव को बैठक में शामिल होने की अनुमति दी गई है। बैठक में काफी अहम मुद्दों पर चर्चा होनी थी। पंजाब के लिए अपना पक्ष रखने का काफी अच्छा मौका था, लेकिन मुख्यमंत्री के न जाने के कारण यह मौका बेअर्थ हो जाएगा।

सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री की स्पीच तैयार कर ली गई थी और इसकी कॉपी नीति आयोग को भेज दी गई थी, लेकिन मुख्यमंत्री की सेहत जवाब दे गई है। सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री ने आज रात अहमद पटेल के साथ भी मुलाकात करनी थी। इस बैठक में नवजोत सिंह सिद्धू के मामले पर चर्चा होनी थी, लेकिन यह मुलाकात का प्रोग्राम भी रद्द कर दिया गया है।

गौरतलब है कि कुछ दिन पहले सिद्धू अपना विभाग छिन जाने के बाद राहुल गांधी व प्रियंका गांधी से मिले थे। राहुल ने अहमद पटेल को सिद्धू के मामले में कैप्टन अमरेन्द्र सिंह से बात करने को कहा था इसलिए आज रात की मुलाकात होनी तेह हुई थी। सिद्धू ने अभी तक अपने नए बिजली विभाग का कार्यभार नहीं सभाला है और वह अभी भी नाराज चल रहे हैं और राहुल गांधी की तरफ देख रहे हैं लेकिन लग रहा है कि यह मामला कई दिन और लटकता रहेगा।