राज्यपाल लालजी टंडन ने भी कराया कोरोना टेस्ट, राजभवन भी गईं थीं पल्लवी

भोपाल: मध्य प्रदेश में कोरोना वायरस के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। इसी बीच मध्य प्रदेश में स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख सचिव पल्लवी जैन गोविल के कोरोना पॉजिटिव होने से राजभवन में भी हड़कंप की स्थिति रही। राष्ट्रपति की वीडियो कॉन्फ्रेंस के पूर्व पल्लवी जैन राजभवन की बैठक में शामिल हुई थीं। बैठक में राज्यपाल लालजी टंडन व उनके 6 वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। सभी की टेस्ट रिपोर्ट निगेटिव आने से उन्होंने अब राहत की सांस ली। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने 3 अप्रैल को मध्य प्रदेश सहित अन्य राज्यों के राज्यपाल से कोरोना संकट के संबंध में वीडियो कान्फ्रेंस पर चर्चा की थी। इसके एक दिन पूर्व राज्यपाल टंडन और उनके सचिव सहित 7 अधिकारियों के साथ हुई बैठक में स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख सचिव के नाते पल्लवी जैन भी शामिल हुई थीं।

पल्लवी जैन की कोरोना टेस्ट रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद इस बात से राजभवन में भी हड़कंप मच गया। राजभवन के सूत्रों ने जानकारी देते हुए बताया कि बैठक में फिजिकल डिस्टेंसिंग का पूरा पालन किया गया था। मामला राज्यपाल से जुड़ा होने के कारण ज्यादा गंभीरता से लिया गया। तत्काल ही सभी लोगों का टेस्ट कराया गया। जांच रिपोर्ट आने तक सभी लोग बड़े तनाव के दौर से गुजरे। अगले ही दिन राज्यपाल टंडन सहित उनके सचिव मनोहर दुबे, ओएसडी संजय चौधरी, नियंत्रक सुरभि तिवारी, सत्कार अधिकारी शिल्पी दिवाकर, प्रेस अधिकारी अजय वर्मा एवं सुरक्षा अधिकारी नीरज ठाकुर का स्वास्थ्य परीक्षण कराकर उनके लार का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा गया।

बताया जाता है कि पीपीई किट पहने चार चिकित्सकों के दल ने सभी के सैंपल लेकर अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) भेजा। सभी की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। कलेक्टर भोपाल ने राजभवन को जांच रिपोर्ट से अवगत कराया। राष्ट्रपति की वीडियो कांफ्रेंस के पहले राज्यपाल ने प्रमुख सचिव स्वास्थ्य को प्रदेश के सभी जिलों में कोरोना के संक्रमण संबंधी अपडेट रिपोर्ट के साथ बुलाया था। वहीं 2 अप्रैल को वह राज्यपाल के साथ बैठक में शामिल हुई थीं। उसके बाद उनकी कोरोना जांच रिपोर्ट पॉजिटिव सुर्खियों में आने से हड़कंप की स्थिति बन गई थी।