महाराष्ट्र सरकार का थोरी देर में फ्लोर टेस्ट , कांग्रेस-NCP के साथ यह पार्टियां भी देंगी शिवसेना का साथ

महाराष्ट्र की शिवसेना सरकार को मुशक्तों के बाद सीएम की कुर्सी तो मिल गई लेकिन आज सरकार को विधानसभा में बहुमत साबित करना होगा। शनिवार दोपहर दो बजे विधानसभा में महाराष्ट्र सरकार के लिए फ्लोर टेस्ट होगा। महाराष्ट्र में बहुमत परीक्षण के समर्थन में उद्धव सरकार के पक्ष में कई छोटे दल आ गए हैं। शिवसेना, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी), कांग्रेस के अलावा महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे), सीपीआई-एम, किसान और वर्कर्स पार्टी ऑफ इंडिया (पीडब्लूपी), बहुजन विकास अघाड़ी, स्वाभिमानी शेतकारी संगठन के विधायक भी उद्धव सरकार के पक्ष में वोट करेंगे।

छोटे दलों के साथ आने से महा विकास अघाड़ी को समर्थन करने वाले विधायकों का आंकड़ा 171 तक पहुंच गया है। इसमें शिवसेना के 56, एनसीपी के 54, कांग्रेस के 44, सपा के 2, स्वाभिमानी शेतकारी के एक, बहुजन विकास अघाड़ी के 3 और निर्दलीय 8 विधायक हैं। इसके अलावा एमएनएस, पीडब्लूपी और सीपीआई के एक-एक विधायक भी उद्धव सरकार को वोट देंगे।हालांकि, स्पीकर वोट नहीं कर पाएगा. इसलिए सरकार के पक्ष 170 वोट पड़ सकते हैं।

जानकारी के अनुसार महाराष्ट्र विधानसभा में कुल सीटें 288 हैं। बहुमत के लिए कम से कम 145 विधायकों का समर्थन जरूरी है। शिवसेना के 56, एनसीपी के 54, कांग्रेस के 44 विधायको को मिलकर आंकड़ा 154 तक पहुंचता है। यानी सबकुछ ठीकठाक रहा तो गठबंधन के पास बहुमत से 9 सीटें ज्यादा हैं। शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी ने सरकार बनने से पहले ही होटल में बहुमत परीक्षण का डेमो किया था और तब बताया था कि उनके पास 162 विधायक हैं. इन्हीं 162 विधायकों के हस्ताक्षर वाला पत्र उन्होंने राज्यपाल को सौंपा था और सरकार बनाने की बात कही थी। अब मौका है विधानसभा के भीतर ये बताने का कि उन्होंने जो दावा किया था वो खरा है।