सामने पड़ा था बेटे का शव और मां गाती रही लोकगीत, रोंगटे खड़े कर देगा यह Video

दुनिया में एक मां ही है जो अपने बच्चे की खुशी के लिए किसी भी चुनौती का सामना करने ही हिम्मत रखती है। वह हर एक चीज करती है जो बच्चे के चेहरे पर हंसी ला दे। लेकिन एक लोक गायिका महिला के साथ जो हुआ वह तो कोई सोच भी नहीं सकता था। यह मां अपने बेटे को तो नहीं बचा सकी लेकिन उसकी आखिरी इच्छा पूरी करने के लिए कुछ ऐसा कर गई जिसे देख सबकी आंखें भर आई।

यह मामला है छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले का जहां मंदराजी सम्मान प्राप्त पूनम तिवारी और रंगकर्मी दीपक तिवारी के बेटे सूरज तिवारी (30) की हृदयाघात से मौत हो गई। दीपक को लोक गीत ‘चोला माटी के राम..’ बेहद पसंद था और उसकी इच्छा थी कि यह गाकर ही उसे अंतिम विदाई दी जाए। बेटे की इच्छा पूरी करने के लिए मां ने दिल में पत्थर रख कर अर्थी के सामने लोक गीत गाया।

जीवन की सच्चाई पर आधारित लोकगीत ‘चोला माटी के हे राम, एखर का भरोसा’ को सुनकर वहां मौजूद लोग अपनी आंखों से आंसू नहीं रोक पाए। कला जगत से जुड़े सूरज के साथियों ने तबला, हारमोनियम में संगत भी दीं  पूनम तिवारी ने मीडिया को बताया कि उनके बेटे की यही इच्छा थी, इसलिए उसे पूरा किया।